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मनुष्य अपने कठीन परिश्रम और कष्टो से ही अपने नाम को अमर कर सकता है। महाराणा प्रताप


🚩🚩मनुष्य अपने कठीन परिश्रम और कष्टो से ही अपने नाम को अमर कर सकता है। महाराणा प्रताप🚩🚩

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🚩मातृभूमि और अपने माँ मे तुलना करना और अन्तर समझना निर्बल और मुर्खो का काम है।

🚩हर मां कि ये ख्वाहिश है, कि एक प्रताप वो भी पैदा करे।
देख के उसकी शक्ती को, हर दुशमन उससे डरा करे॥

🚩धन्य हुआ रे राजस्थान,जो जन्म लिया यहां प्रताप ने।
धन्य हुआ रे सारा मेवाड़, जहां कदम रखे थे प्रताप ने॥

🚩करता हुं नमन मै प्रताप को,जो वीरता का प्रतीक है।
तु लोह-पुरुष तु मातॄ-भक्त,तु अखण्डता का प्रतीक है॥

🚩हे प्रताप मुझे तु शक्ती दे,दुश्मन को मै भी हराऊंगा।
मै हु तेरा एक अनुयायी,दुश्मन को मार भगाऊंगा॥

🚩जब-जब तेरी तलवार उठी, तो दुश्मन टोली डोल गयी।
फीकी पड़ी दहाड़ शेर की, जब-जब तुने हुंकार भरी॥

🚩था साथी तेरा घोड़ा चेतक, जिस पर तु सवारी करता था।
थी तुझमे कोई खास बात, कि अकबर तुझसे डरता था॥

🚩है धर्म हर हिन्दुस्तानी का,कि तेरे जैसा बनने का।
चलना है अब तो उसी मार्ग,जो मार्ग दिखाया प्रताप ने॥

🚩माई ऐडा पूत जण जैडा राणा प्रताप
अकबर सोतो उज के जाण सिराणे साँप

🚩चेतक पर चढ़ जिसने, भाले से दुश्मन संघारे थे
मातृ भूमि के खातिर, जंगल में कई साल गुजारे थे

🚩झुके नही वह मुगलोँ से, अनुबंधों को ठुकरा डाला
मातृ भूमि की भक्ति का, नया प्रतिमान बना डाला

🚩हल्दीघाटी के युद्ध में, दुश्मन में कोहराम मचाया था
देख वीरता प्रताप की , दुश्मन भी थर्राया था

🚩बलिदान पर राणा के, भारत माँ ने, लाल देश का खोया था
वीर पुरुष के देहावसान पर, अकबर भी फफक कर रोया था

🚩भारत माँ का वीर सपूत, हर हिदुस्तानी को प्यारा हैं
कुँअर प्रताप जी के चरणों में, सत सत नमन हमारा हैं

🚩Karta hun Naman mai pratap ko, jo veerta ka prateek hai.
    tu loh purush, tu Matr Bhakt hai, Tu akhandta ka prateek hai

https://www.rajputland.in/
#ҡรɦαƭ૨เყα_૨αʝρµƭ

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